जानिए क्यों विवादों में घिर गई ‘टाइगर जिंदा है’

मसूरी। रिलीज होने के साथ ही बॉलीवुड स्टार सलमान खान की फिल्म ‘टाइगर जिंदा है’ विवादों में घिर गई है। जगह-जगह फिल्म का विरोध किया जा रहा है और सलमान खान के खिलाफ भी कार्रवाई की मांग की जा रही है। यह सब फिल्म में वाल्मीकि समाज के लिए प्रयोग किए गए कथित आपत्तिजन शब्दों के कारण हो रहा है। शनिवार को मसूरी में वाल्मीकि समुदाय ने फिल्म का शो रुकवा दिया और पोस्टर फाड़ डाले।
बॉलीवुड अभिनेता सलमान खान और शिल्पा शेट्टी पर वाल्मीकि समाज के लोगों के लिए जातिसूचक शब्द का प्रयोग करने का आरोप लगाते हुए समाज के लोग फिल्म ‘टाइगर जिंदा है’ के विरोध में सड़कों पर उतर आए हैं। वाल्मीकि समाज ने शनिवार को मसूरी के रिट्ज सिनेमा में फिल्म का शो रुकवा दिया। इसके अलावा गुस्साए लोगों ने फिल्म के पोस्टर फाड़कर सलमान खान और शिल्पा शेट्टी के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शनकारियों का कहना था कि वाल्मीकि समाज को हास्य का पात्र बनाना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। समाज के लोग इसे कतई बदार्श्त नहीं करेंगे। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने फिल्म पर प्रतिबंध लगाने और सलमान खान के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
इससे पहले वाल्मीकि समाज के लोगों ने लंढौर बाजार के अनुपम चौक से लंढौर बाजार, अपर माल रोड, पिक्चर पैलेस होते हुए शहीद स्थल झूलाघर तक सलमान खान व शिल्पा शेट्टी के खिलाफ नारेबाजी करते हुए प्रदर्शन किया और झूलाघर पर सलमान खान का पुतला फूंका। वाल्मीकि समाज उत्थान सभा के अध्यक्ष राजेंद्र घावरिया के नेतृत्व में प्रदर्शन व पुतला दहन के बाद समाज के लोग कचहरी पहुंचे और सलमान खान व शिल्पा शेट्टी के खिलाफ उचित कार्रवाई की मांग करते हुए उपजिलाधिकारी के माध्यम से राष्ट्रपति को ज्ञापन प्रेषित किया। अभिनेता सलमान खान व शिल्पा शेट्टी के खिलाफ एससी-एसटी एक्ट के तहत कार्रवाई करने की मांग की गई।




